logo_banner
Breaking
  • ⁕ Amravati: समृद्धि महामार्ग पर भीषण सड़क हादसा: चंद्रपुर के एक ही परिवार के 5 लोगों की मौके पर ही मौत ⁕
  • ⁕ लाडली बहन योजना में बड़ा खेल! 12 हजार सरकारी कर्मचारियों ने बटोरे पैसे; विधानसभा में सरकार ने कबूली चौंकाने वाली बात ⁕
  • ⁕ Nagpur: बजाजनगर के अवैध रेस्टोरेंट्स पर चलेगा बुलडोजर! हाईकोर्ट की फटकार के बाद फडणवीस सरकार ने खारिज की अपील ⁕
  • ⁕ महाराष्ट्र विधानसभा: मानसून सत्र के तीसरे दिन किसानों के लिए बड़ा ऐलान, 30 जून तक 56 लाख किसानों की कर्जमाफी ⁕
  • ⁕ NEET सेंटर विवाद में बड़ा ट्विस्ट! NTA बोली- अभ्यर्थी ने खुद चुना था एग्जाम सिटी"; पिता तालिब ने दावे को किया ख़ारिज ⁕
  • ⁕ अमरावती में भारी हंगामा: किरीट सोमैया की गाड़ी के आगे लेटे MIM कार्यकर्ता, पुलिस ने बल प्रयोग कर हटाया ⁕
  • ⁕ खड़ी निजी बस में लगी आग, टेकड़ी रोड के एमपी बस स्टैंड की घटना; परिसर में मचा हड़कंप ⁕
  • ⁕ विदर्भ सहित राज्य के 247 नगर परिषदों और 147 नगर पंचायतों में अध्यक्ष पद का आरक्षण घोषित, देखें किस सीट पर किस वर्ग का होगा अध्यक्ष ⁕
  • ⁕ अमरावती में युवा कांग्रेस का ‘आई लव आंबेडकर’ अभियान, भूषण गवई पर हमले के खिलाफ विरोध प्रदर्शन ⁕
  • ⁕ Gondia: कुंभारटोली निवासियों ने विभिन्न मुद्दों को लेकर नगर परिषद पर बोला हमला, ‘एक नारी सबसे भारी’ के नारों से गूंज उठा आमगांव शहर ⁕
Amravati

Amravati: नगर पंचायत अध्यक्ष, उपाध्यक्ष का कार्यकाल समाप्त! अब स्थानीय निकाय प्रशासक शासन के अधीन


अमरावती: तिवसा और भातकुली नगर पंचायत के अध्यक्ष और उपाध्यक्ष का ढाई साल का कार्यकाल मंगलवार 13 अगस्त को समाप्त होने वाला है, और इन दोनों नगर पंचायतों पर बुधवार 14 अगस्त से प्रशासन राज शुरू होने वाला है। राज्य की 105 नगर पंचायत में अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पद का कार्यकाल अगस्त से सितंबर 2024 के बीच खत्म होने वाला है। इसमें जिले की दो नगर पंचायत तिवसा और भातकुली भी शामिल हैं।

दिलचस्प बात यह है कि इस नगर पंचायत में अध्यक्ष और उपाध्यक्ष के लिए अभी तक लॉटरी नहीं निकाली गई है। इसलिए, महाराष्ट्र नगर परिषद, नगर पालिका और औद्योगिक शहर अधिनियम, 1956 की धारा 60 के अनुसार, तिवसा और भातकुली नगर पंचायत के महापौरों का ढाई साल का कार्यकाल 13 अगस्त मंगलवार को समाप्त हो रहा है।

और दोनों नगर पंचायतों में अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पद  के एक ही समय में खाली हो रहे हैं, इसलिए जब तक नए अध्यक्ष और उपाध्यक्ष  का चुनाव नहीं हो जाता, तब तक अध्यक्ष और उपाध्यक्ष के कामकाज की जिम्मेदारी  दोनों जगहों के उपविभागीय अधिकारियों को सौंपी गई है। इस संबंध में कलेक्टर सौरभ कटियार ने 8 अगस्त को आदेश जारी किये हैं। अब जिले के सभी स्थानीय निकाय प्रशासक शासन के अधीन हैं।