logo_banner
Breaking
  • ⁕ मनोज जरांगे की ऑडियो क्लिप की होगी फॉरेंसिक जांच, मुख्यमंत्री फडणवीस बोले- ढाई साल बाद क्लिप का बाहर आने का क्या उद्देश्य? ⁕
  • ⁕ MLC Election: मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने किया मतदान, बोले- जनता में दिख रहा उत्साह ⁕
  • ⁕ चुनाव आते ही उर्दू स्कूलों की याद क्यों? किरण सरनाईक पर यशोमती ठाकुर का निशाना ⁕
  • ⁕ शिक्षकों का चुनाव प्रचार में इस्तेमाल हुआ तो रद्द होगी संस्था की मान्यता! चंद्रशेखर बावनकुले की चेतावनी ⁕
  • ⁕ अनिल बोंडे का बागी उम्मीदवार डॉ. संगीता शिंदे को आशीर्वाद, महायुति में बढ़ी कलह ⁕
  • ⁕ Akola: काटेपूर्णा और मोर्णा बांध से मिलेगा 24.03 दलघमी पानी, शहर की जलापूर्ति को राहत ⁕
  • ⁕ Chandrapur: पति के सामने बाघ ने महिला पर किया हमला, खेत में काम करते समय दर्दनाक मौत..! ⁕
  • ⁕ Buldhana: 'हमें भीख नहीं, मदद चाहिए', बुलढाणा में किसान संघ ने कद्दू और चॉकलेट देकर सरकार के खिलाफ निकाला गुस्सा.. ⁕
  • ⁕ Nagpur: ड्यूटी पूरी कर घर पहुंचे ASI रविंद्र कोकांडे की अचानक बिगड़ी तबीयत, इलाज के दौरान मौत ⁕
Chandrapur

विधायक जोरगेवार के परिजनों की मनपा आयुक्त के खिलाफ पुलिस में शिकायत!


चंद्रपुर: विधायक किशोर जोरगेवार के परिवार की निजी जमीन पर बनी कंपाउंड वॉल (सुरक्षा दीवार) को चंद्रपुर महानगरपालिका के अतिक्रमण निर्मूलन दस्ते द्वारा गिराए जाने के बाद शहर में मामला चर्चा का विषय बन गया है। बिना किसी पूर्व सूचना अथवा कानूनी नोटिस के कथित रूप से अवैध तरीके से कार्रवाई किए जाने का आरोप लगाते हुए विधायक जोरगेवार की पत्नी और बेटे समेत चार जमीन मालिकों ने सीधे महानगरपालिका आयुक्त व संबंधित अधिकारियों के खिलाफ रामनगर पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई है।

चंद्रपुर के आकाशवाणी परिसर से सटे मौजा गोविंदपुर रिठ स्थित गट क्रमांक 7/3/107 (क्षेत्रफल 0.50.48 हेक्टेयर) की निजी जमीन विधायक किशोर जोरगेवार की पत्नी कल्याणी किशोर जोरगेवार, बेटे प्रसाद किशोर जोरगेवार, पवन सराफ और तपस्या सराफ के नाम पर है। इस जमीन पर सुरक्षा दीवार बनाई गई थी। 29 अगस्त को महानगरपालिका के अतिक्रमण निर्मूलन दस्ते ने जेसीबी की मदद से क्षेत्र में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की। इसी दौरान पूरी सुरक्षा दीवार को गिरा दिया गया। शिकायतकर्ताओं ने इस कार्रवाई से करीब 10 लाख रुपये का आर्थिक नुकसान होने का दावा किया है।

इन धाराओं के तहत कार्रवाई की मांग

चारों शिकायतकर्ताओं ने रामनगर पुलिस थाने और पुलिस अधीक्षक को दिए शिकायत आवेदन में आरोप लगाया है कि यह कार्रवाई पूरी तरह गैरकानूनी थी और जानबूझकर नुकसान पहुंचाने के उद्देश्य से की गई। उन्होंने मनपा आयुक्त अकनूरी नरेश, अतिक्रमण निर्मूलन प्रमुख राहुल पंचबुद्धे तथा कार्रवाई में शामिल कर्मचारियों के खिलाफ बीएनएस-2023 की धारा 324(5), 329 और 198 के तहत तत्काल मामला दर्ज कर कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है।

मनपा का दावा—नियमानुसार ही हुई कार्रवाई

शिकायत की जानकारी मिलने के बाद रामनगर थानेदार ने मनपा के अतिक्रमण निर्मूलन विभाग को पत्र भेजकर कार्रवाई किस कानून और किस धारा के तहत की गई, इसकी रिपोर्ट मांगी थी। इसके जवाब में मनपा उपायुक्त संदीप चिद्रवार द्वारा भेजे गए पत्र में कहा गया है कि कार्रवाई पूरी तरह कानूनी थी। 24 मीटर डीपी रोड की प्रस्तावित सीमा में किए गए अतिक्रमण को हटाने के लिए यह कार्रवाई की गई।

मनपा के अनुसार, महाराष्ट्र महानगरपालिका अधिनियम की धारा 231(अ) के तहत सड़क की प्रस्तावित सीमा में किए गए अनधिकृत निर्माण को बिना नोटिस हटाने का अधिकार महानगरपालिका को है। प्रत्यक्ष माप और मार्किंग करने के बाद ही कार्रवाई की गई। किसी व्यक्ति को निशाना बनाए बिना सार्वजनिक हित में यह कार्रवाई किए जाने का दावा करते हुए मनपा ने लगाए गए सभी आरोपों को खारिज कर दिया है।