आदिवासी विभाग और लक्ष्मण मानकर ट्रस्ट के बीच हुए करार पर बढ़ा विवाद, नागपुर में आदिवासी संगठनों का आंदोलन; एमओयू रद्द करने की मांग
नागपुर: छात्रावासों को लेकर महाराष्ट्र आदिवासी विभाग और लक्ष्मण मानकर ट्रस्ट के बीच हुए करार का विरोध शुरू हो गया है। आदिवासी संगठनों ने निर्णय के विरोध में नागपुर के संविधान चौक पर आंदोलन किया और सरकार से करार रद्द करने की मांग की।
आदिवासी विकास विभाग द्वारा राज्य के सभी 490 आदिवासी छात्रावासों के व्यवस्थापन निजी हाथों में सौंपने का निर्णय लिया है। इसको लेकर सरकार ने लक्ष्मण मानकर ट्रस्ट से करार किया है। सरकार का कहना है कि, इस निर्णय से सभी छात्रावासों के बदहाल व्यवस्था को सुधारना है। हालांकि, इस करार का विरोध शुरू हो गया है।
नागपुर शहर के संविधान चौक पर करार के विरोध में रिपब्लिक भारत आदिवासी अधिकार बचाओ आंदोलन किया गया। रैली में बड़ी संख्या में छात्र और नागरिक मौजूद रहे। इस दौरान सभी ने सरकार से करार को रद्द करने और आदिवासी छात्रों को सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग की।
मानकर संघ से जुड़ा हुआ व्यक्ति
वहीँ अब इस मुद्दे पर राजनीति भी शुरू हो गई है। कांग्रेस नेता विजय वडेट्टीवार ने सरकार पर हमला बोला। वडेट्टीवार ने कहा, "लक्ष्मणराव मानकर ट्रस्ट का संघ से संबंध है और इसके तहत कई आश्रमशालाएं संचालित की जा रही हैं, जहां आदिवासी विद्यार्थियों को शिक्षा दी जाती है। डुप्लीकेट देशप्रेमियों को यह समझना होगा कि अगर आदिवासी विद्यार्थियों को ट्रेनिंग देने के नाम पर यह शुरुआत हो रही है, तो इसके पीछे की मंशा पर सवाल उठना स्वाभाविक है।
मानकर संघ से जुड़ा हुआ व्यक्ति
वहीँ अब इस मुद्दे पर राजनीति भी शुरू हो गई है। कांग्रेस नेता विजय वडेट्टीवार ने सरकार पर हमला बोला। वडेट्टीवार ने कहा, "लक्ष्मणराव मानकर ट्रस्ट का संघ से संबंध है और इसके तहत कई आश्रमशालाएं संचालित की जा रही हैं, जहां आदिवासी विद्यार्थियों को शिक्षा दी जाती है। डुप्लीकेट देशप्रेमियों को यह समझना होगा कि अगर आदिवासी विद्यार्थियों को ट्रेनिंग देने के नाम पर यह शुरुआत हो रही है, तो इसके पीछे की मंशा पर सवाल उठना स्वाभाविक है।
उन्होंने कहा, "स्कूल में प्रवेश लेने के बाद व्यक्तित्व विकास के नाम पर विद्यार्थियों को संघ की विचारधारा से परिचित कराया जाएगा। उन्हें क्या खाना चाहिए, नॉनवेज नहीं खाना चाहिए, सिर्फ वेज खाना चाहिए, किस तरह के कपड़े पहनने चाहिए—इन सब बातों को उनके व्यवहार में शामिल करने का प्रयास किया जाएगा। इसके बाद धीरे-धीरे उनके मन में संघ की विचारधारा को स्थापित करने का काम किया जाएगा।"
कांग्रेस नेता ने आगे कहा, "इस पूरी प्रक्रिया के जरिए आदिवासी विद्यार्थियों पर नियंत्रण स्थापित करने की कोशिश की जा रही है। मानकर ट्रस्ट के माध्यम से आदिवासी बच्चों के बीच एक खास विचारधारा को बढ़ावा देने का यह प्रयास किसी बड़े षड्यंत्र की शुरुआत हो सकता है।"
admin
News Admin