logo_banner
Breaking
  • ⁕ कांग्रेस सांसद प्रतिभा धानोरकर का बड़ा दावा, भाजपा पर कांग्रेस का आरोप, कहा - एक वोट की कीमत 5000 रुपये ⁕
  • ⁕ नागपुर बुक फेस्टिवल में बोले आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत, कहा - मैं बहुत आलसी हूँ, लेकिन ... ⁕
  • ⁕ ऑपरेशन थंडर अंतर्गत क्राइम ब्रांच की बड़ी कार्रवाई, मुंबई से आई MD ड्रग्स की खेप के साथ 3 तस्कर गिरफ्तार” एक अन्य की तलाश ⁕
  • ⁕ Akola: विकास के लिए भाजपा के हाथ में दें सत्ता: रवींद्र चव्हाण ⁕
  • ⁕ उपराजधानी नागपुर में लौटी ठंड, शनिवार को पारा गिरकर 11 डिग्री सेल्सियस हुआ दर्ज ⁕
  • ⁕ Ramtek: सुप्रीम कोर्ट में स्थानीय निकाय चुनाव का मामला लंबित होने से चिंता में उम्मीदवार ⁕
  • ⁕ Amravati: देवेंद्र फडणवीस का नवनीत राणा पूर्व सांसद नहीं रहेंगी वाला बयान से शुरू हुईं चर्चा, नवनीत राणा कहा - मैं फिर आऊंगी ⁕
  • ⁕ Akola: अपने बयान के लिए चर्चा में रहे अजित पवार ने अकोला में सार्वजनिक सभा में मांगी माफी ⁕
  • ⁕ Saoner: संविधान दिवस के मौके पर सावनेर में निकली रैली, सैकड़ो की संख्या में नागरिक रैली में हुए शामिल ⁕
  • ⁕ कांग्रेस सहित महाविकास अघाड़ी की सुस्त शुरुआत पर आशीष जायसवाल का तंज, कहा- चुनाव में लड़ने की मानसिकता नहीं ⁕
Yavatmal

Yavatmal: आत्महत्या करने वाले दोनों किसानो की बेटियों का खर्चा उठाएंगे कृषि मंत्री, धनंजय मुंडे किया ऐलान


यवतमाल: कुछ दिन पहले यवतमाल जिले के दो किसानों मनोज राठौड़ और नामदेव वाघमारे ने आत्महत्या कर ली थी। कृषि मंत्री धनंजय मुंडे ने इन दोनों आत्महत्या करने वाले किसानों के परिवार की चारों बेटियों की पूरी पढ़ाई की जिम्मेदारी ली है। यवतमाल दौरे पर कृषि मंत्री धनंजय मुंडे ने यह घोषणा की है।

ज्ञात हो कि, कुछ दिन पहले यवतमाल जिले के दो किसानों मनोज राठौड़ और नामदेव वाघमारे ने आत्महत्या कर ली थी। धनंजय मुंडे से मिलने उनका परिवार यवतमाल आया था। धनंजय मुंडे से अपना दुख जाहिर करते हुए किसान परिवार की महिलाओं के आंसू छलक पड़े।

कृषि मंत्री से मुलाकात के दौरान महिला ने पूछा कि, “अगर किसान पति चला गया तो वह चार बेटियों की देखभाल कैसे करेगा?” महिला ने धनंजय मुंडे को बताया कि उसे अभी तक सरकार से मदद नहीं मिली है। धनंजय मुंडे ने तुरंत उपविभागीय अधिकारी अनिरुद्ध बख्शी को फोन किया और उन्हें इन दोनों परिवारों को तत्काल वित्तीय सहायता प्रदान करने का निर्देश दिया।

कृषि मंत्री ने कहा, “आत्महत्या समस्याओं का समाधान नहीं करती, यह केवल परिवार की समस्याओं को बढ़ाती है। किसी भी किसान को अपने परिवार के सदस्यों के बारे में सोचकर आत्महत्या करने के बारे में नहीं सोचना चाहिए। धनंजय मुंडे ने भावुक होकर किसानों से अपील की कि अगर किसी भी तरह की समस्या हो या किसान भाइयों को किसी मदद की जरूरत हो तो हमारे घर के दरवाजे 24 घंटे खुले हैं।