logo_banner
Breaking
  • ⁕ सैंड इस्तेमाल को बढ़ावा देने राज्य में नई पॉलिसी लागू; राजस्वमंत्री बावनकुले ने की घोषणा, शर्तें तोड़ने पर लाइसेंस होगा रद्द ⁕
  • ⁕ लावणी पर थिरकी एनसीपी अजित पवार गुट! पार्टी कार्यालय के भीतर नाच-गाने पर बवाल, आलाकमान ने अध्यक्ष अहिरकर से माँगा स्पष्टीकरण ⁕
  • ⁕ Buldhana: कंस्ट्रक्शन वर्कर के नाम पर फर्जी प्रमाणपत्र बनाकर वसूली, दो ऑनलाइन सेंटरों पर छापा, लेबर विभाग की बड़ी कार्रवाई ⁕
  • ⁕ Saoner: सावनेर के चंपा शिवार में सड़ी-गली हालत में मिला शव, खापरखेड़ा से गुमशुदा व्यक्ति की हुई पहचान ⁕
  • ⁕ Buldhana: जिले में बेमौसम बारिश ने दी दस्तक, कटाई के सीजन में फसलों को भारी नुकसान का खतरा ⁕
  • ⁕ Chandrapur: केसला घाट इलाके में बाघ ने बाइक सवार पर किया हमला, लोगों में डर का माहौल ⁕
  • ⁕ Amravati: कमुंजा फाटा के पास तेज़ रफ़्तार बस ने बाइक को मारी टक्कर, हादसे में एक की मौत, एक गंभीर ⁕
  • ⁕ विदर्भ सहित राज्य के 247 नगर परिषदों और 147 नगर पंचायतों में अध्यक्ष पद का आरक्षण घोषित, देखें किस सीट पर किस वर्ग का होगा अध्यक्ष ⁕
  • ⁕ अमरावती में युवा कांग्रेस का ‘आई लव आंबेडकर’ अभियान, भूषण गवई पर हमले के खिलाफ विरोध प्रदर्शन ⁕
  • ⁕ Gondia: कुंभारटोली निवासियों ने विभिन्न मुद्दों को लेकर नगर परिषद पर बोला हमला, ‘एक नारी सबसे भारी’ के नारों से गूंज उठा आमगांव शहर ⁕
Akola

Akola: मंदिर के विकास कार्य का शुरू है काम, खुदाई के दौरान मिला ...


अकोला: शहर के आराध्य देव श्री राजेश्वर मंदिर की विकास योजना को मंजूरी मिल गई है और मंदिर के पिछले हिस्से का विकास कार्य शुरू हो गया है। विकास कार्य के लिए की जा रही खुदाई के दौरान इस जगह पर 200 साल से भी ज्यादा पुराना रास्ता मिला है, इसी के साथ इस रास्ते में एक इमारत भी मिली है। ज्ञात हो कि मंदिर तक का क्षेत्र कुछ साल पहले किला था।

मंदिर के निचले हिस्से में एक पुरानी इमारत को तोड़ा जा रहा है और इस इमारत को तोड़ने के बाद जेसीबी से खुदाई के दौरान एक भूमिगत रास्ता मिला है। आगे निरीक्षण करने पर पता चला कि इस सबवे में एक इमारत भी है। इस बात की पुष्टि मंदिर प्रशासन और ट्रस्टियों ने की है। हालांकि, संबंधित विभाग की गहन जांच के बाद ही यह खुलासा हो पाएगा कि मंदिर की खुदाई में मिली जमीन और इमारत का सही प्रकार क्या है।

सबवे की खोज की खबर शहर में फैलने के बाद, भक्त इसे देखने के लिए श्री राजेश्वर मंदिर क्षेत्र में उमड़ पड़े। खुदाई के दौरान मिली सबवे बिल्डिंग की पहली दीवार पर जय श्री राम, जय भोलेनाथ, जय बजरंग बली लिखा हुआ था। जानकारी सामने आ रही है कि यह उल्लेख करीब 200 से 250 साल पहले का होना चाहिए। इस संबंध में प्रशासन से भी जानकारी मांगी जा रही है।

कई वर्षों से अफवाहें थी कि श्री राजेश्वर मंदिर से बालापुर की प्राचीन छतरी और किले तक एक सड़क है। खुदाई के दौरान एक सबवे और एक इमारत की खोज की गई और इस मुद्दे पर भी बहस हुई। अब सवाल उठ रहा है कि क्या भारतीय पुरातत्व विभाग सारी जानकारी लेकर इस सबवे और इमारत का इतिहास अकोलेकर के सामने लाएगा।