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Chandrapur

Chandrapur: बाढ़ से 4980 हेक्टेयर की फसल बर्बाद, जिलाधिकारी विनय गौड़ा ने स्थिति का लिया जायजा


चंद्रपुर: बल्लारपुर तालुक में इस साल केवल 44 फीसदी बारिश हुई है। लेकिन रविवार को वर्धा नदी में बाढ़ आ गई। बाढ़ के कारण बल्लारपुर तालुका में 7 सड़कें यातायात के लिए पूरी तरह से बंद हो गई हैं। तालुका में खरीफ सीजन का कुल फसल बुआई क्षेत्र 7 हजार 192 हेक्टेयर है और किसानों ने 4 हजार 980 हेक्टेयर कृषि क्षेत्र में बुआई की है। इनमें से अधिकांश फसल क्षेत्र बाढ़ के पानी में आ गए हैं और किसानों के लिए फिर से बुआई का समय आ गया है। 

पिछले साल बल्लारपुर तालुक में वर्धा नदी में छह बार बाढ़ आई थी। उस समय किसानों को काफी नुकसान हुआ था। इस साल की पहली बाढ़ में भी यही स्थिति दोहराई गई है। वर्धा नदी की बाढ़ के कारण, कोठारी से कटवली (बामनी), कोठारी से कावडजई, बामनी से राजुरा, बल्लारपुर से विसापुर, लावारी से दहेली, विसापुर से नंदगांव (पोडे), माना से चरवत और माना से चंद्रपुर जैसे ग्रामीण सड़क संपर्क पूरी तरह से यातायात के लिए बंद हो गए हैं। बल्लारपुर तहसील में औसत बारिश 1185.6 मिमी है, लेकिन 22 जुलाई तक केवल 513 मिमी बारिश हुई है। इसका प्रतिशत 44 है। पिछले साल इसी समय 61 प्रतिशत बारिश हुई थी। इससे किसानों को नुकसान हुआ है।

4980 हेक्टेयर की फसल पर खतरा

बल्लारपुर तालुका में, खरीफ सीजन का कुल क्षेत्रफल 7 हजार 192 हेक्टेयर है। इसमें से वास्तविक बुआई का कृषि क्षेत्र 4 हजार 980 हेक्टेयर है और तालुका के किसानों ने चावल की फसल के कुल क्षेत्रफल 2854।54 हेक्टेयर में से 40।40 हेक्टेयर में चावल की फसल लगाई है। कुल 440।44 हेक्टेयर अरहर की फसल में से 371 हेक्टेयर में बुआई की गई है। कुल 3664।40 हेक्टेयर में से 3355।50 हेक्टेयर में कपास की बुआई की गई है। 1212।70 हेक्टेयर कृषि क्षेत्र में सोयाबीन की फसल बोई गई है। इनमें से अधिकांश कृषि क्षेत्र वर्धा नदी की बाढ़ के पानी में आ गए हैं, जिससे किसानों को नुकसान हुआ है।

बल्लारपुर तालुका का अधिकांश कृषि क्षेत्र वर्धा नदी के बाढ़ प्रवण क्षेत्र में है। इसके कारण वर्धा नदी में बाढ़ आने से विसापुर, नांदगांव (पोडे), चारवत, हाड एसटीआई, बामनी (दुधोली), दहेली, लावारी, कलमाना, अंबाडी, पलसगांव, कोठारी, किन्ही, कटावली (बामनी), कवडजई आदि गांवों के किसान प्रभावित हुए हैं।

जिलाधिकारी ने स्थिति का लिया जायजा

पिछले कुछ दिनों से जिले में लगातार हो रही बारिश के कारण जिले के कुछ तालुका और चंद्रपुर शहर बाढ़ की चपेट में आ गए हैं। कलेक्टर विनय गौड़ा ने आज शाम को बल्लारपुर तहसील के बामनी, विसापुर के बाढ़ प्रभावित गांवों का दौरा किया और नुकसान का निरीक्षण किया। तहसील स्तरीय व्यवस्था के निर्देश देते कलेक्टर गौड़ा ने बाढ़ में फंसे जरूरतमंद लोगों की तुरंत मदद की जानी चाहिए और उन्हें सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने की व्यवस्था करने के आदेश दिया। 

इसी के साथ उन्होंने फसल क्षति का पंचनामा तत्काल पूर्ण करने, बाढ़ प्रभावित गांवों के साथ-साथ नगर परिषद क्षेत्र में भी स्वास्थ्य एवं स्वच्छ पेयजल की सुविधा उपलब्ध हो इसका ध्यान रखा जाये। मच्छरों एवं अन्य कीड़ों को पनपने से रोकने के लिए आवश्यक कीटनाशकों का छिड़काव करना का आदेश भी अधिकारियो को दिया।