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Chandrapur

Chandrapur: भाजपा में मनमुटाव का दौर जारी, पावड़े की बुलाई बैठक को पदाधिकरियों ने दिखाई पीठ


चंद्रपुर: राहुल पावड़े के चंद्रपुर महानगर अध्यक्ष बनने के बाद पार्टी के अंदर काफी नाराजगी है। इस नाराजगी का असर अब दिखाई भी देने लगा है। शनिवार को भाजपा शहर की कोर कमेटी की बैठक बुलाई थी। लेकिन बैठक को कमेटी के ही सदस्यों ने बहिष्कार कर दिया। इस कारण पावड़े को यह बैठक रद्द करने के लिए मजबूर होना पड़ा। अनुमान है कि भविष्य में यह मनमुटाव और गहराएगा।

पावड़े ने लगातार चार वर्षों तक चंद्रपुर शहर नगर निगम की स्थायी समिति के अध्यक्ष और फिर उप महापौर का पद संभाला। पार्टी में वरिष्ठ नगरसेवक होने के बावजूद, जिला पालकमंत्री सुधीर मुनगंटीवार ने हमेशा पावड़े पर विश्वास दिखाया है। इसलिए अधिकांश नगर पार्षदों और नगर कार्यकारिणी के पदाधिकारियों की नजर पावड़े पर ही रहती थी।

वहीं जब शहर अध्यक्ष पद को बदलने के लिए हलचलें शुरू हुई, उस समय उम्मीद थी कि किसी वरिष्ठ अधिकारी को यह पद मिलेगा। इसके लिए कई लोगों ने एक मोर्चा भी बनाया। लेकिन मुनगंटीवार ने फिर पावड़े को आशीर्वाद दिया। इससे अधिकांश पूर्व पार्षद और पदाधिकारी नाराज हो गए।

शहर अध्यक्ष बनने के बाद शनिवार रात 10 बजे मुनगंटीवार के कार्यालय में शहर की कोर कमेटी की बैठक हुई। मुनगंटीवार के कार्यालय से कोर कमेटी के सदस्यों को बैठक में शामिल होने के लिए संदेश भेजा गया था। पावड़े ने खुद शहर महासचिव सुभाष कासनगोट्टुवार और राजेंद्र गांधी से मुलाकात की और बैठक में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया गया। लेकिन कोई भी पदाधिकारी व सदस्य बैठक में नहीं पहुंचे। काफी देर तक इंतजार करने के बाद आखिरकार पावड़े को बैठक रद्द करनी पड़ी।

पावड़े की नियुक्ति से भाजपा में आंतरिक विवाद छिड़ गया है। इसकी झलक इस बैठक के मौके पर देखने को मिली। पूर्व शहर अध्यक्ष डॉ. मंगेश गुलवाड़े भी अनुपस्थित थे। जल्द ही मनपा के चुनाव होने की बात कही जारही है। इस पृष्ठभूमि में भाजपा में जो नया विवाद शुरू हुआ है, उसका असर आगामी चुनाव में पड़ने की आशंका भी जताई जारही है।