logo_banner
Breaking
  • ⁕ TCS नासिक केस में बड़ा खुलासा: चार्जशीट में जाकिर नाइक का नाम, 'इस्लाम ऐप' और ऑफिस की पैंट्री में अश्लील हरकत ⁕
  • ⁕ चंद्रपुर के कैंसर अस्पताल से फिरौती की मांग; "1.23456 बिटकॉइन दो, वरना डेटा गया" ⁕
  • ⁕ अंबाझरी में दिनदहाड़े 7.30 लाख की लूट, मनी एक्सचेंज कंपनी के मैनेजर पर मिर्च पाउडर फेंककर चाकू से हमला... ⁕
  • ⁕ Nagpur: फेसबुक पर फर्नीचर खरीदने के नाम पर छात्रा से हुई 1 लाख 32 हजार रुपये की ऑनलाइन ठगी ⁕
  • ⁕ MLC Election: नामांकन वापस लेना शैलेश अग्रवाल और साहेबराव कांबले को पड़ा भारी, कांग्रेस ने दोनों नेताओं को पार्टी से किया निष्काषित ⁕
  • ⁕ विदर्भ में मौसम का यू-टर्न: अमरावती, वर्धा और चंद्रपुर समेत कई जिलों में 'ऑरेंज अलर्ट'; 40km की रफ्तार से आंधी और भारी बारिश की चेतावनी ⁕
  • ⁕ PF ब्याज पर बड़ा अपडेट: 'घोषणा' से 'जेब' तक का सफर; जानें जून-जुलाई में आपके खाते में क्या होने वाला है! ⁕
  • ⁕ विदर्भ सहित राज्य के 247 नगर परिषदों और 147 नगर पंचायतों में अध्यक्ष पद का आरक्षण घोषित, देखें किस सीट पर किस वर्ग का होगा अध्यक्ष ⁕
  • ⁕ अमरावती में युवा कांग्रेस का ‘आई लव आंबेडकर’ अभियान, भूषण गवई पर हमले के खिलाफ विरोध प्रदर्शन ⁕
  • ⁕ Gondia: कुंभारटोली निवासियों ने विभिन्न मुद्दों को लेकर नगर परिषद पर बोला हमला, ‘एक नारी सबसे भारी’ के नारों से गूंज उठा आमगांव शहर ⁕
Nagpur

NCRB Report 2023: 38.8% कम अपराध, लेकिन महिलाओं और बच्चों के खिलाफ बढ़ते मामलों ने नागपुर में बढ़ाई चिंता"


नागपुर: नेशनल क्राइम रिकॉर्ड्स ब्यूरो (NCRB) की ताज़ा 'क्राइम इन इंडिया 2023' रिपोर्ट ने नागपुर शहर के अपराध परिदृश्य को मिश्रित तरीके से सामने रखा है। जहां कुल अपराधों में स्पष्ट गिरावट दर्ज की गई है, वहीं महिलाओं और बच्चों के खिलाफ अपराधों की बढ़ती संख्या ने चिंता बढ़ा दी है।

कुल अपराधों में कमी
2023 में नागपुर में कुल 11,801 संज्ञेय अपराध दर्ज किए गए। यह 2022 के मुकाबले 38.8% की गिरावट दर्शाता है। पुलिस की सक्रियता, निगरानी प्रणालियों में सुधार और नागरिकों की जागरूकता को इस कमी का मुख्य कारण माना जा रहा है।

महिलाओं के खिलाफ अपराधों में वृद्धि
महिलाओं से जुड़े अपराधों में तेज़ी आई है। 2023 में 1,556 मामले दर्ज हुए, जो 2021 की तुलना में 34.6% अधिक हैं। इनमें से लगभग 60% मामले घरेलू हिंसा व साइबर अपराध से संबंधित रहे। आरोपपत्र दाखिल करने की दर 74.9% है, जो मेट्रो शहरों के औसत से अधिक है, लेकिन कोलकाता जैसे शहरों से पीछे है।

बच्चों पर अपराध के मामले
नागपुर में बच्चों से जुड़े अपराध भी बढ़े हैं। 2023 में 674 मामले दर्ज हुए, जिनमें POCSO एक्ट के अंतर्गत गंभीर अपराध शामिल रहे। यह स्थिति बच्चों की सुरक्षा और कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े करती है।

जुवेनाइल अपराध लगभग स्थिर
नाबालिग अपराधों में स्थिरता नज़र आई। 2023 में 251 किशोरों को IPC अपराधों में पकड़ा गया, जो पिछले वर्षों के समान है। विशेषज्ञों के अनुसार यह जुवेनाइल न्याय प्रणाली की प्रभावशीलता को दर्शाता है।

साइबर अपराधों में बड़ी गिरावट
2023 में शहर में साइबर अपराध के केवल 3 मामले सामने आए। यह अन्य मेट्रो शहरों की तुलना में बहुत कम है। विशेषज्ञ इसके पीछे तकनीकी सुरक्षा उपायों और नागरिकों में बढ़ती साइबर जागरूकता को कारण मानते हैं।

नागपुर की अपराध रिपोर्ट भले ही कुल मामलों में राहतजनक तस्वीर पेश कर रही हो, लेकिन महिलाओं और बच्चों के खिलाफ अपराधों का बढ़ता ग्राफ सुरक्षा और सामाजिक जिम्मेदारी के सवाल खड़े करता है।